चंदेरी के हथकरघा उद्योग में महिला उद्यमी एवं पारिवारिक समायोजन: एक समाजशास्त्रीय अध्ययन

Authors

  • सुनीता बाणकार सहायक प्राध्यापक, रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय, रायसेन, मध्य प्रदेश
  • प्रियंका शर्मा शोधार्थी, रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय, रायसेन, मध्य प्रदेश

DOI:

https://doi.org/10.69968/ijisem.2026v5i4266-271

Keywords:

महिला उद्यमिता, चंदेरी हथकरघा, पारिवारिक समायोजन, महिला सशक्तीकरण, भूमिका संघर्ष, लैंगिक श्रम-विभाजन

Abstract

चंदेरी का हथकरघा उद्योग मध्य प्रदेश की पारंपरिक वस्त्र निर्माण कला, सांस्कृतिक विरासत तथा स्थानीय आजीविका का एक महत्त्वपूर्ण आधार है। चंदेरी की साड़ियों की विशिष्ट बुनाई, हल्की बनावट, रेशम एवं सूती धागों का उपयोग तथा जरी का कार्य इसे विशिष्ट पहचान प्रदान करते हैं। इस उद्योग में महिलाओं की भागीदारी उत्पादन, धागे की तैयारी, डिजाइन संबंधी गतिविधियों, विपणन तथा पारिवारिक व्यवसाय के संचालन के विभिन्न रूपों में दिखाई देती है। महिला उद्यमिता का अध्ययन इसलिए महत्त्वपूर्ण है क्योंकि आर्थिक गतिविधियों में भागीदारी महिलाओं की सामाजिक स्थिति, आर्थिक स्वतंत्रता तथा पारिवारिक निर्णयों में सहभागिता से संबंधित होती है।

प्रस्तुत शोध-पत्र का उद्देश्य चंदेरी के हथकरघा उद्योग में महिला उद्यमियों की सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति तथा उनके पारिवारिक समायोजन का समाजशास्त्रीय विश्लेषण किया गया है। अध्ययन में महिला सशक्तीकरण, भूमिका संघर्ष, लैंगिक श्रम-विभाजन तथा परिवार और अर्थव्यवस्था के पारस्परिक संबंधों को विश्लेषण का आधार बनाया गया है।

शोध-पत्र में 60 महिला उद्यमियों के प्राथमिक आँकड़ों की सारणियाँ प्रस्तुत की गई हैं। इसके अतिरिक्त चंदेरी के हथकरघा उद्योग से संबंधित उपलब्ध द्वितीयक साहित्य एवं सरकारी दस्तावेजों को भी विश्लेषण में सम्मिलित किया गया है।

References

[1]. Government of India, Ministry of Micro, Small and Medium Enterprises. (2016–2017). District industrial profile: Ashoknagar district, Madhya Pradesh. Development Institute, Government of India.

[2]. Government of India, Office of the Development Commissioner (Handlooms). (n.d.). Development Commissioner (Handlooms). Ministry of Textiles.

[3]. Government of India, Intellectual Property India. (n.d.). Geographical indication registry: Chanderi Sarees.

[4]. Hochschild, A. R., & Machung, A. (1989). The second shift: Working parents and the revolution at home. Viking.

[5]. Kabeer, N. (1999). Resources, agency, achievements: Reflections on the measurement of women's empowerment. Development and Change, 30(3), 435–464.

[6]. Merton, R. K. (1957). Social theory and social structure. Free Press.

Downloads

Published

06-11-2026

Issue

Section

Articles

How to Cite

सुनीता बाणकार, & प्रियंका शर्मा. (2026). चंदेरी के हथकरघा उद्योग में महिला उद्यमी एवं पारिवारिक समायोजन: एक समाजशास्त्रीय अध्ययन. International Journal of Innovations in Science Engineering And Management, 5(4), 266-271. https://doi.org/10.69968/ijisem.2026v5i4266-271